नवरात्रि : तृतीय देवी “चंद्रघंटा”

  आदि शक्ति श्री दुर्गा का तृतीय रूपांतर श्री चन्द्रघण्टा हैं। इनके मस्तक पर घण्टे के आकार का अर्धचन्द्र है, इसी कारण इन्हें चन्द्रघण्टा देवी कहा जाता है। नवरात्रि के तृतीय दिन इनका पूजन और अर्चन किया जाता है। इस दिन साधक को अपना चित्त मणिपूर चक्र पर स्थिर करके अपनी साधना करनी चाहिये। श्री […]

पित्र, पित्र पक्ष और श्राद्ध : अवधारणाएँ एवं सत्य

UHC ब्लॉग पर पित्रों के उपर लिखे गये इस ब्लॉग को पढने आने के लिए आप का धन्यवाद, इस ब्लॉग में पित्र एवं पित्रों से सम्बंधित समस्याओं पर बात करी गयी हैं, मगर इसका उद्देश्य किसी की व्यक्तिगत आस्था को ठेस पहुँचाना नहीं हैं, अगर आप इसमें वर्णित बातों को जीवन में उतारते हैं तो […]